फिल्म

टर्टिल्स कैन फ्लाई

कुर्दिश भाषा की विश्‍व सिनेमा प्रस्‍तुति कुर्द शरणार्थी शिविर में अमेरिका की ईराक पर चढ़ाई की पूर्व संध्‍या का चित्रण है। इसकी खासियत है बाल मनोविज्ञान का चित्रण। टर्टिल्स कैन फ्लाई का वीडियो कृ‍पया नीचे देखें। आज कल यह अंतर्राष्‍ट्रीय फिल्‍म महोत्‍सव गोवा 2009 में प्रदर्शित की जा रही है। किसी ने देखा हो तो टिप्‍पणी जरूर करें।

तुर्की-ईरान सीमा के निकट, घोबादी के मूल देश कुर्दिस्तान में स्थापित सोरान एक 13 वर्षीय लड़का है, जो अपने पास के अन्य बच्चों को आदेश देता है क्योंकि वह सद्दाम का पतन सुनने के शौकीन ग्रामीणों के लिए एंटिना स्थापित कर रहा है ।  Read Full Kaput Article »

इपऊफी-गोवा फिल्म स्टार

मेरा फिल्म स्टार बनना इश्वर की इच्छा थी - आशा पारिख

इपऊफी-गोवा मे आज एक बार फिर आशा पारिख ने जहां अपनी पुरानी यादों को ताजा किया वहीं एक औपचारिक संवाददाता सम्मेलन को बीते दिनों की तरह सामूहिक रूप से पुन: साथ रहने में तब्दील कर दिया ।

सुन्दरता से दीप्तिमान आशा ने आनन्दित होते हुए कहा कि मेरा फिल्म स्टार बनना शायद ईश्वर की इच्छा थी और मैंने उस नियति को पूरा किया । यह नम्रता तब प्रदर्शित हुई जब किसी ने एक अभिनेत्री के रूप में उनके मूल्यांकन के विषय में पूछा ।  Read Full Kaput Article »

फिल्म की पटकथा

पटकथा से मोहब्बत होने के बाद ही मैं उसे फिल्म का रूप देता हूँ - अनिरुध्द रॉय चौधरी

फिल्म के पर्दे पर आपकी मेहनत और आपका प्रेम ही कोई जादू कर पाता है, न कि कोई फार्मूला। यह कहना है भारतीय पैनोरमा खंड में शामिल अन्तहीन फिल्म के निर्देशक अनिरुध्द रॉय चौधरी का।

संवाददाताओं से बातचीत में उन्होंने कहा कि उनकी सभी फिल्म वास्तविकता से पूर्ण होती है और उन अनुभवों, परिस्थितियों और चरित्रों पर आधारित होती है, जिसका उन्होंने जीवन में खुद अनुभव किया होता है।  Read Full Kaput Article »

भारत अन्तर्राष्ट्रीय फिल्मोत्सव

इफ्फी के निदेशक ने समारोह की गति और उत्साह पर संतोष जताया

भारत के 40वें अन्तर्राष्ट्रीय फिल्मोत्सव के निदेशक श्री एस.एम. खान ने आज यहां मध्यावधि संवाददाता सम्मेलन में इस बात पर संतोष व्यक्त किया कि समारोह की गति और उत्साह बना हुआ है।

समारोह में अनेक जानी-मानी फिल्मी हस्तियां शामिल हुई हैं और लगभग साढे छ: हजार प्रतिनिधि भी यहां आये हुए हैं। श्री खान के साथ ही गोवा मनोरंज संस्था के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री मनोज श्रीवास्तव ने भी संवाददाताओं से बातचीत के दौरान उनके विचार जाने और उन्हें समारोह की प्रगति के बारे में बताया।  Read Full Kaput Article »

टूगेदर विद माइ फादर

विश्व सिनेमा – कज़ाकस्तान

करीम अपने बेटे के साथ एक परिसर में एक छोटे से कमरे में रहता है । उनका घर तितर-बितर है और जीवन भी अनियोजित ढंग से जीते हैं वे । ऐसे में उनके घर और जीवन में किसी महिला के अपनत्व की नितांत आवश्यकता है । क्या उनकी समस्याओं का निपटारा हो पाएगा ?

लंबाई - 75 मिनट 35 मिमि रंगीन 2008  Read Full Kaput Article »

कोको चैनल इगोर स्त्राविंस्की

फिल्म की कहानी शुरू होती है 1913 के पेरिस से । कोको चैनल पूरी तरह अपने कार्य के प्रति समर्पित है और साथ ही वह अत्यंत धनाडय और खूबसूरत आर्थर ब्वाय केपल पर भी मोहित है । दूसरी ओर इगोर स्त्राविंस्की वहां के एक मशहूर थियेटर पर अपनी कृति राइट ऑफ स्प्रिंग का प्रीमियर शो आयोजित करता है ।

सात साल बाद कोको चैनल जीवन में सफलता और सम्मान दोनों पाकर समाज में बहुत ऊपर पहुंच चुकी होती है मगर ब्वाय केपल के निधन के कारण वह व्यक्तिगत रूप से पूरी तरह टूट चुकी होती है । ऐसे में उसका मिलन एक बार फिर स्त्राविंस्की से होता है, जो तब तक बेहद गरीबी की हालत में पेरिस में निर्वासित जीवन जी रहा होता है । और फिर शुरू होती है दोनों के बीच आकर्षण और नजदीकियों की शुरूआत ।  Read Full Kaput Article »

मुम्बई फिल्म समारोह 2010

अगले वर्ष 3 से 9 फरवरी के बीच मुम्बई में होने वाले 11वें मुम्बई अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोह के लिए 37 देशों से अब तक 864 प्रविष्टियां प्राप्त हो चुकी हैं, जो अब तक की सर्वाधिक संख्या है । यह फिल्म समारोह डॉक्युमेंट्री, लघु और एनीमेशन फिल्मों को समर्पित होगा । समारोह के बारे में आज यहां संवाददाताओं को जानकारी देते हुए मुम्बई अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोह - 2010 के निदेशक और फिल्म प्रभाग के चीफ प्रडयूज़र श्री कुलदीप सिन्हा ने बताया कि चयन समिति ने प्राप्त प्रविष्टियों का प्रारंभिक मूल्यांकन शुरू कर दिया है ।

उन्होंने बताया कि समारोह में अब से अंतरराष्ट्रीय और भारतीय प्रतियोगिता वर्गों को मिलाकर एक ही प्रतियोगिता वर्ग रखा गया है । इसके अलावा आगामी समारोह में सर्वोत्तम विद्यार्थी फिल्मवीडियो नाम से एक नया पुरस्कार भी शुरू किया जाएगा । आगामी समारोह से प्रत्येक वर्ग में पुरस्कार राशि भी बढा दी गई है, जिससे पुरस्कारों के तहत दी जाने वाली कुल राशि बढक़र रुपये 22.75 लाख हो गई है । डॉक्युमेंट्री फिल्मों के विकास में उल्लेखनीय योगदान करने वाले भारतीय फिल्म निर्माता को डॉक्टर व्ही. शांताराम लाइफ टाइम एचीवमेंट अवार्ड प्रदान किया जाएगा । इसके तहत नकद राशि और ट्रॉफी भेंट की जाएगी ।  Read Full Kaput Article »

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